KIC-8462852 के आसपास संभावित डायसन स्फियर

KIC 8462852 : एलीयन सभ्यता ? एक बार फ़िर से चर्चा मे


हमारे ब्रह्मांड मे ढेर सारी अबूझ पहेलीयाँ है, लेकिन पिछले कुछ समय से विश्व के खगोलशास्त्री एक अजीब सी उलझन में फंसे हुए हैं। इसकी वजह है एक अनोखा तारा। यह तारा काफी रहस्यमय है। इससे जुड़ी बातें इसे किसी भी अन्य ज्ञात तारे से अलग बनाती हैं। यह तारा 2015 के अंतिम महिनो मे…

कार्दाशेव स्केल : सभ्यता के विकास का पैमाना


1964 मे कार्दाशेव ने किसी परग्रही सभ्यता के तकनीकी विकास की क्षमता को मापने के लिये एक पैमाने को प्रस्तावित किया। रशियन खगोल विज्ञानी निकोलाइ कार्दाशेव के अनुसार सभ्यता के विकास के विभिन्न चरणो को ऊर्जा की खपत के अनुसार श्रेणीबद्ध लिया जा सकता है। इन चरणो के आधार पर परग्रही सभ्यताओं का वर्गीकरण किया जा सकता…

KIC 8462852 का व्यवहार विचित्र क्यों है ? क्या यह धुल, ग्रहो के मलबे से है या एलियन सभ्यता के कारण ?

KIC 8462852 : एलीयन सभ्यता ? रहस्य और गहराया!


अक्टूबर मे हमने एक लेख मे एक विचित्र तारे KIC 8462852 से उत्सर्जित प्रकाश मे आने वाली विचित्र कमी के बारे मे चर्चा की थी। इस तारे के प्रकाश मे आने वाली कमी का एक संभावित कारण किसी एलियन सभ्यता द्वारा विशाल डायसन गोले का निर्माण भी था। अब इस तारे से संबधित कुछ और…

KIC 8462852 का व्यवहार विचित्र क्यों है ? क्या यह धुल, ग्रहो के मलबे से है या एलियन सभ्यता के कारण ?

KIC 8462852: क्या इस तारे पर एलीयन सभ्यता है?


खगोलशास्त्रीयो की एक टीम द्वारा प्रस्तुत एक शोध पत्र ने एलीयन या परग्रही के कारण खलबली मचा दी है। रूकिये! रूकिये! उछलिये मत! इस शोधपत्र मे एलीयन शब्द का कोई उल्लेख नही है, ना ही वह पत्र अप्रत्यक्ष रूप से एलियन की ओर कोई संकेत दे रहा है। लेकिन खगोलशास्त्रीयों ने एक तारा खोजा है…

परग्रही जीवन श्रंखला भाग 08 : परग्रही सभ्यता मे वैज्ञानिक विकास : परग्रही जीवन श्रंखला भाग 08


यदि हम मानव इतिहास के पिछले 100,000 वर्षो मे विज्ञान के विकास पर दृष्टिपात करे तो हम पायेंगे कि यह अफ्रिका मे मानव के जन्म से लेकर अब तक यह उर्जा की खपत मे बढो़त्तरी का इतिहास है। रशियन खगोल विज्ञानी निकोलाइ कार्दाशेव के अनुसार सभ्यता के विकास के विभिन्न चरणो को ऊर्जा की खपत के…