वैज्ञानिक विधी

वैज्ञानिकों का व्यवहार अवैज्ञानिक क्यों?


आधुनिक काल को हम वैज्ञानिक युग की संज्ञा देते हैं। विज्ञान ने मानव के सामर्थ्य एवं सीमाओं का विस्तार किया है। विज्ञान और वैज्ञानिक दृष्टिकोण के बीच गहरा संबंध होता है। आज अनगिनत उपकरण व डिवाइस हमारे दैनिक जीवन के अंग बन चुके हैं। लेकिन हमारे देश और समाज में एक अजीब सा विरोधाभास दिखाई…

अलबर्ट आइंस्टाइन

भौतिकविदो का इतिहास : संक्षिप्त अवलोकन


किसी प्रश्न में ‘क्यों’ शब्द की उपस्थिति हमारी जिज्ञासा को व्यक्त करती है। और निश्चित तौर पर हमारी जिज्ञासा ही हमें नए तथ्यो के खोज की तरफ अग्रसर करती है। यदि न्यूटन के मन में यह जानने की जिज्ञासा न आई होती कि “आखिर, सेब नीचे ही क्यों गिरा?” तो शायद हमें गुरुत्वाकर्षण के अस्तित्व…

कार्ल फ़्रेडरिक गास(Carl Friedrich Gauss) ड्युस मार्क

विभिन्न देशो की मुद्राओं वैज्ञानिकों के या विज्ञान संबधित चित्र


क्या आपने किसी गणितज्ञ या वैज्ञानिक की किसी राष्ट्र की मुद्रा पर छपे होने की कल्पना की है ? जैसे गणित के राजकुमार कार्ल फ़्रेडरीक गास या अलबर्ट आइन्स्टाइन की किसी नोट पर चित्र देखे है? कुछ राष्ट्रो ने अपनी मुद्रा पर वैज्ञानिकों या विज्ञान संबधित चित्र प्रकाशित किये हैं। प्रस्तुत है कुछ ऐसे नोटों…

अलबर्ट आइंस्टाइन

अल्बर्ट आइन्स्टाइन (Albert Einstein) : 20 वी सदी के महानतम वैज्ञानिक


मानव इतिहास के जाने-माने वैज्ञानिक अल्बर्ट आइन्स्टाइन (Albert Einstein) 20 वीं सदी के प्रारंभिक बीस वर्षों तक विश्व के विज्ञान जगत पर छाए रहे। अपनी खोजों के आधार पर उन्होंने अंतरिक्ष, समय और गुरुत्वाकर्षण के सिद्धांत दिये। वे सापेक्षता के सिद्धांत और द्रव्यमान-ऊर्जा समीकरण E = mc2 के लिए जाने जाते हैं। उन्हें सैद्धांतिक भौतिकी,…

हरगोविंद खुराना


डॉ हरगोविंद खुराना एक भारतीय-अमेरिकी वैज्ञानिक थे जिन्हें सन 1968 में प्रोटीन संश्लेषण में न्यूक्लिटाइड की भूमिका का प्रदर्शन करने के लिए चिकित्सा का नोबेल पुरस्कार प्रदान किया गया। उन्हें यह पुरस्कार साझा तौर पर दो और अमेरिकी वैज्ञानिकों के साथ दिया गया। सन 1968 में ही डॉ॰ निरेनबर्ग के साथ डॉ खुराना को लूशिया…

सर आइजैक न्यूटन : आधुनिक भौतिकी की नींव


25 दिसंबर 1642 (ग्रेगोरियन कैलेंडर से 4 जनवरी 1643) को धरती पर एक ऐसे अद्भुत व्यक्ति का जन्म हुआ जिसने विज्ञान की परिभाषा को एक नया रूप दिया। विज्ञान के ऐसे तथ्य प्रस्तुत किये जो आज तक चल रहे हैं। हम बात कर रहे हैं :- आइज़क न्यूटन (Isaac Newton) की। विश्व को गुरुत्वाकर्षण का…

आर्यभट : प्राचीन भारत की महान खगोलीय प्रतिभा


लेखक : प्रदीप आर्यभट प्राचीन भारत के सर्वाधिक प्रतिभासंपन्न गणितज्ञ-ज्योतिषी थे। वर्तमान में पश्चिमी विद्वान भी यह स्वीकार करते हैं कि आर्यभट प्राचीन विश्व के एक महान वैज्ञानिक थे। यद्यपि हम आर्यभट का महत्व इसलिए देते हैं क्योंकि सम्भवतः वे ईसा की पांचवी-छठी सदी के नवीनतम खगोलिकी आन्दोलन के पुरोधा थे। और आर्यभट की ही…