मिथक, अंधविश्वास, छद्म विज्ञान एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण


लेखक -प्रदीप विज्ञान का इतिहास कई हजार वर्ष पुराना है, परंतु विज्ञान के व्यापक विकास की शुरुवात तकरीबन साढ़े चार सौ वर्ष पहले उस समय हुई, जब आधुनिक विज्ञान की नींव तैयार हो रही थी। आधुनिक विज्ञान के आविर्भाव से भौतिक एवं जैविक दुनिया के बारे में मनुष्य के ज्ञान में  तीव्र वृद्धि हुई है।…

भविष्य की ऊर्जा : नाभिकिय संलयन(nuclear fusion) से पूरी होगी ऊर्जा की आवश्यकतायें


मानव को विकास चाहिए। विकास के लिए आवश्यक है ऊर्जा। ऊर्जा हमें ईंधन से मिलती है। आज दुनिया में कई तरह के ईंधन काम में लाए जा रहे हैं। सबसे ज़्यादा जिनका इस्तेमाल हो रहा है वो है कोयला और तेल। दोनों ईंधन ज़मीन के अंदर से निकालकर इस्तेमाल किए जा रहे हैं। मगर समस्या…

जलवायु परिवर्तन/ग्लोबल वार्मिंग के खतरे


‘ग्लोबल वार्मिंग’ विश्व के लिए कितनी बड़ी समस्या है, ये बात एक आम आदमी समझ नहीं पाता है। उसे ये शब्द थोड़ा ‘टेक्निकल’ लगता है इसलिए वो इसकी तह तक नहीं जाता है। लिहाजा इसे एक वैज्ञानिक परिभाषा मानकर छोड़ दिया जाता है। ज्यादातर लोगों को लगता है कि यह एक दूर की कौड़ी है…

ओजोन द्वारा हानिकारक पराबैंगनी किरणो से बचाव

16 सितंबर : विश्व ओजोन दिवस विशेष


विश्व ओज़ोन दिवस (अंग्रेज़ी:World Ozone Day) या ‘ओज़ोन परत संरक्षण दिवस’ 16 सितम्बर को पूरे विश्व में मनाया जाता है। 23 जनवरी, 1995 को संयुक्त राष्ट्र संघ (UNO)की आम सभा में पूरे विश्व में इसके प्रति लोगों में जागरूकता लाने के लिए 16 सितंबर को अंतरराष्ट्रीय ओज़ोन दिवस के रूप में मनाने का प्रस्ताव पारित…

नयी मानव प्रजाति की खोज : होमो नालेदी(Homo Naledi)


दक्षिण अफ़्रीका में वैज्ञानिकों ने गुफ़ाओं में बनी क़ब्रों में मानव जैसी नई प्रजाति खोजी है। वैज्ञानिकों ने 15 आंशिक कंकाल पाए गए हैं. जिसे अफ़्रीका में इस तरह की अब तक की सबसे बड़ी खोज बताया जा रहा है। शोधकर्ताओं का दावा है कि ये खोज हमारे पूर्वजों के बारे में अब तक की…